कुरआन मजीद की वो अज़ीम दुआएं जो 'रब्बना' (ऐ हमारे रब) से शुरू होती हैं:
रब्बना आतिना फिद-दुनिया ह़सनतंव वफिल आखिरति ह़सनतंव वकिना अज़ाबन-नार।
ऐ हमारे रब! हमें दुनिया में भी भलाई अता फरमा और आखिरत में भी भलाई अता फरमा और हमें आग (जहन्नम) के अज़ाब से बचा।
रब्बना अफरिग़ अलैना सब्रंव व सब्बित अकदा-मना वनसुरना अलल कौमिल काफ़िरीन।
ऐ हमारे रब! हम पर सब्र उड़ेल दे, हमारे कदम जमाए रख और काफिरों की कौम के मुकाबले में हमारी मदद फरमा।
रब्बना ला तुज़िग कुलूबना बा'दा इज़ हदैतना व हब लना मिल लदुन्का रहमह, इन्नका अन्तल वह्हाब।
ऐ हमारे रब! जब तूने हमें हिदायत बख्श दी है तो इसके बाद हमारे दिलों को टेढ़ा न होने दे और अपने पास से हमें रहमत अता फरमा, बेशक तू ही सबसे बड़ा दाता है।
रब्बना ज़लम्ना अन्फुसना व इल-लम तगफिर लना व तरहम्ना लनकूनन्ना मिनल खास़िरीन।
ऐ हमारे रब! हमने अपनी जानों पर ज़ुल्म किया, और अगर तूने हमें न बख्शा और हम पर रहम न फरमाया तो यकीनन हम नुकसान उठाने वालों में से हो जाएंगे।